जब भी whats app खोलो, लगता है whats app नही

ईस व्हाट्सएप्प के चक्कर में
दिमाग के नट बोल्ट ढीले हो
गये हैं.. ????????????

एक सेकंड में मिजाज़ शायराना
हो जाता है और अगले ही सेकंड
में देश भक्ति जाग ऊठती हैं. ✊????

ऊसके फौरन बाद सनी लिओनी
आती है. ????☺

तभी अचानक कोई विवेकानन्द की चार
लाईने भेजता है.????✋????????

ऊसके बाद कोई दुखी आत्मा
बिवीयों पर जोक भेजकर अपनी
मर्दानगी साबित करने की कोशिश
करता है।????????

और जब थोड़ा सकुन मिलने का
समय आने ही वाला होता है,
तब एक डरावना फारवर्ड????????
साई के नामसे आता है कि
ईसे दस लोगों को भेजो तो लाटरी
लगेगी वर्ना सत्यानाश होगा।????

इसके बाद दिमाग का दहीबड़ा
तब होता है जब कोई
क्विज ले के आता है। ????????

मनुष्य का इतने तेजी से ह्रदय
परिवर्तन तो सिर्फ व्हाट्सअँप पर
ही हो सकता है।
जब भी whats app खोलो,
लगता है whats app नही
हरिद्वार आ गए है…
इतना अथाह ज्ञान बरसता है
कि मन एकदम शुद्ध हो जाता है…
सभी Whatsapp संतो को प्रणाम
????????
चंद लाइने पुरे ग्रुप के लीये…..

जिंदगी से हर पल एक मोज मिली,
कभी कभी नहीं हर रोज मिली.

बस एक अच्छा दोस्त मांगा था
जिन्दगी से…
पर मुझे तो पूरी विद्वानों की
फौज मिली।.

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